बच्चा गोद लें
बच्चा गोद लेने की पूरी प्रक्रिया 2026: CARA Registration, HSR, Referral और Adoption Order – पूरी जानकारी
भारत में बच्चा गोद लेना (Child Adoption) एक legal प्रक्रिया है जो Central Adoption Resource Authority (CARA) के माध्यम से होती है। CARA भारत सरकार के Women & Child Development Ministry के तहत आने वाली एक statutory body है, जो देश में in-country और inter-country दोनों तरह की adoption को रेगुलेट करती है।
पहले के समय में लोग सीधे किसी अनाथालय या रिश्तेदार से बच्चा गोद ले लेते थे, लेकिन आज यह बिल्कुल बदल चुका है। अब Juvenile Justice (Care and Protection of Children) Act 2015 (2021 में संशोधित) और Adoption Regulations 2022 के तहत हर adoption को कानूनी रूप से CARA के CARINGS पोर्टल पर पंजीकृत करना ज़रूरी है। बिना CARINGS पंजीकरण के कोई भी adoption legally valid नहीं मानी जाती।
इस आर्टिकल में हम आपको step-by-step बताएंगे कि भारत में बच्चा गोद लेने की पूरी प्रक्रिया क्या है, कौन-कौन गोद ले सकता है, कौन-से documents लगते हैं, कितना समय और कितना खर्च आता है।
विषय सूची (Table of Contents)
- CARA और CARINGS क्या है
- कौन बच्चा गोद ले सकता है (Eligibility)
- ज़रूरी Documents की पूरी सूची
- CARINGS पर Online Registration कैसे करें
- Home Study Report (HSR) क्या होता है
- Child Referral और Reservation की प्रक्रिया
- Adoption Order और Post-Adoption Follow-up
- NRI/OCI के लिए अलग प्रक्रिया
- Adoption में फीस और लगने वाला समय
- ज़रूरी सावधानियाँ और सुझाव
- अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
1. CARA और CARINGS क्या है
CARA (Central Adoption Resource Authority) भारत में बच्चा गोद लेने की सभी प्रक्रियाओं की नोडल एजेंसी है। यह 1990 में बनी थी और 2015 के JJ Act के बाद इसे statutory body का दर्जा मिला। CARA का काम सिर्फ adoption करवाना नहीं है – यह adoption agencies को मान्यता देना, उनकी निगरानी करना, बच्चों का database रखना और inter-country adoption में Hague Convention के नियम लागू करवाना भी देखती है।
CARINGS (Child Adoption Resource Information & Guidance System) CARA का online पोर्टल है। यहीं पर हर Prospective Adoptive Parent (PAP) को पंजीकरण करना होता है। इस पोर्टल पर देशभर के लगभग 500+ Specialized Adoption Agencies (SAA) और 700+ District Child Protection Units (DCPU) जुड़े हुए हैं। पूरी प्रक्रिया online है – कोई manual paperwork या personal contact नहीं चलता।
2. कौन बच्चा गोद ले सकता है (Eligibility Criteria)
हर कोई बच्चा गोद नहीं ले सकता। CARA ने कुछ साफ़ नियम बनाए हैं जो हर PAP को पूरा करने होते हैं।
2.1 शादीशुदा जोड़े के लिए
- दोनों पति-पत्नी की Indian citizenship होनी चाहिए (NRI/OCI के लिए अलग नियम हैं)।
- शादी को कम से कम 2 साल पूरे होने चाहिए।
- दोनों physically, mentally और emotionally fit होने चाहिए।
- दोनों की मिलाकर उम्र और बच्चे की उम्र के बीच कम से कम 25 साल का अंतर ज़रूरी है।
2.2 Single पैरेंट के लिए
- Single महिला किसी भी gender (लड़का या लड़की) का बच्चा गोद ले सकती हैं।
- Single पुरुष केवल लड़का गोद ले सकते हैं, लड़की नहीं।
- Single पैरेंट की उम्र 25 साल से ज़्यादा होनी चाहिए।
2.3 उम्र की Maximum सीमा (बच्चे की उम्र के हिसाब से)
| बच्चे की उम्र | शादीशुदा जोड़े की संयुक्त अधिकतम उम्र | Single पैरेंट की अधिकतम उम्र |
|---|---|---|
| 0 – 4 साल | 90 साल | 45 साल |
| 4 – 8 साल | 100 साल | 50 साल |
| 8 – 18 साल | 110 साल | 55 साल |
ध्यान दें: अगर आप पहले से एक या दो बच्चे के माता-पिता हैं, तो भी आप गोद ले सकते हैं – लेकिन तीन या उससे ज़्यादा बच्चे वाले परिवार सामान्यतः सिर्फ Special Needs बच्चों या हार्ड-टू-प्लेस श्रेणी के बच्चों को ही गोद ले सकते हैं।
3. ज़रूरी Documents की पूरी सूची
CARINGS पर पंजीकरण के बाद आपको 30 दिन के अंदर निम्न documents upload करने होते हैं (Schedule VI के अनुसार):
- Family photograph (couple के लिए) या एकल photograph (single PAP के लिए) – साइज़ 3.5 × 4.5 cm, format JPG, ज़्यादा से ज़्यादा 1 MB
- PAN Card – PDF में, साइज़ 512 KB से कम
- Birth Certificate (दोनों पति-पत्नी का)
- Address Proof – Aadhaar Card, Voter ID, Driving License, Passport, बिजली बिल या Telephone Bill
- Income Proof – पिछले साल की Salary Slip, Income Certificate या Income Tax Return
- Marriage Certificate (शादीशुदा PAPs के लिए)
- Divorce Decree (तलाकशुदा PAPs के लिए) या जीवनसाथी का Death Certificate (विधवा/विधुर के लिए)
- Medical Certificate – किसी registered medical practitioner से, जिसमें यह लिखा हो कि आप किसी भी chronic, contagious या fatal बीमारी से पीड़ित नहीं हैं और बच्चे की परवरिश के लिए fit हैं
- परिवार में पहले से मौजूद बड़े बच्चों की सहमति (consent), यदि लागू हो
- अगर आप Single PAP हैं, तो किसी एक रिश्तेदार का Undertaking ज़रूरी है
ज़रूरी सुझाव: सभी documents पहले से तैयार रखें और अच्छी quality में scan करें। धुंधले या कटे-फटे documents reject हो जाते हैं और आपको दोबारा upload करना पड़ता है, जिससे process में देरी होती है। अगर आपके पास आधार कार्ड में कोई गलती है, तो पहले उसे सुधार लें।
4. CARINGS पर Online Registration कैसे करें
Registration पूरी तरह से online है। नीचे step-by-step प्रक्रिया दी गई है:
Step 1: CARINGS पोर्टल खोलें
अपने browser में cara.wcd.gov.in लिखकर खोलें और homepage पर "Register Now" विकल्प पर click करें। आप सीधे carings.wcd.gov.in पर भी जा सकते हैं।
Step 2: Application Form भरें
Form में आपको ये जानकारियाँ भरनी होंगी:
- अपना नाम, जन्मतिथि, लिंग, marital status
- शादी की तारीख (यदि लागू हो)
- पति/पत्नी की पूरी जानकारी
- घर का पता, राज्य, जिला, PIN code
- Mobile number और Email ID
- सालाना आय और रोज़गार की स्थिति
- आप कैसा बच्चा गोद लेना चाहते हैं – उम्र, gender, category (normal/special needs), राज्य की preference
सावधानी: Mobile number और Email बिल्कुल सही भरें क्योंकि सारा communication इसी पर आएगा। OTP verification के बिना registration पूरा नहीं होगा।
Step 3: Documents Upload करें
ऊपर बताए गए सभी documents specified size और format में upload करें।
Step 4: Acknowledgement Letter प्राप्त करें
Successful registration के बाद आपको एक online acknowledgement letter मिलेगा जिसमें आपका Registration Number और credentials होंगे। इस letter को safely save करके रखें – भविष्य में हर step पर इसकी ज़रूरत पड़ेगी।
याद रखें: Registration Number और PAN Number दोनों case-sensitive हैं। Login करते समय बिल्कुल वैसे ही लिखें जैसे registration में लिखे थे।
5. Home Study Report (HSR) क्या होता है
Registration पूरा होने के बाद सबसे important step है Home Study Report (HSR)। यह CARA की पूरी प्रक्रिया का सबसे critical हिस्सा है।
आपके registration के बाद आपके नज़दीकी Specialized Adoption Agency (SAA) का एक प्रशिक्षित social worker आपके घर आएगा। उसका काम है:
- आपके घर का माहौल देखना – क्या बच्चे के लिए suitable है
- आपके परिवार की financial स्थिति का आकलन करना
- आपकी और आपके जीवनसाथी की मानसिकता और adoption के लिए तैयारी समझना
- पड़ोसियों और रिश्तेदारों से बातचीत करना
- आपकी parenting क्षमता का मूल्यांकन करना
HSR पूरी होने के बाद इसे CARINGS पोर्टल पर upload किया जाता है और यह आमतौर पर 3 साल तक valid रहती है। HSR approve होने के बाद ही आपको child referral मिलना शुरू होता है।
व्यावहारिक सलाह: Social worker के सामने नाटक मत करें। वो trained होते हैं और झूठ पकड़ लेते हैं। ईमानदारी से जो हालात हैं वो बताएँ – इससे आपकी credibility बढ़ती है।
6. Child Referral और Reservation की प्रक्रिया
HSR approve होने के बाद आपको CARINGS पर एक seniority number मिलता है। यह number आपकी waiting list में जगह तय करता है।
Referral कैसे आता है
- आपकी preferences (उम्र, gender, category) और seniority के आधार पर system आपको एक बच्चे का referral भेजता है।
- Referral में बच्चे की उम्र, लिंग, health status, photographs और medical history दी जाती है।
- आपको 48 घंटे के अंदर decide करना होता है कि बच्चा reserve करना है या नहीं।
- अगर reserve करते हैं तो आपको 30 दिन के अंदर पूरी adoption process complete करनी होगी।
Reserve करने के बाद क्या होता है
- आप उस SAA में जाते हैं जहाँ बच्चा है।
- बच्चे से मिलते हैं, उसकी health और condition खुद देखते हैं।
- अगर सब ठीक है तो Foster Care Agreement sign करते हैं और बच्चे को घर ले जा सकते हैं।
- अगर बच्चे की condition documents से अलग है तो तुरंत CARA को सूचित करें।
चेतावनी: अगर आप reserve करने के बाद reject करते हैं या 30 दिन में process complete नहीं करते, तो आपको seniority list के last में डाल दिया जाता है। यानी फिर से लंबा इंतज़ार। इसलिए reserve करने से पहले अच्छी तरह सोच लें।
7. Adoption Order और Post-Adoption Follow-up
बच्चा घर लाने के बाद भी प्रक्रिया खत्म नहीं होती। SAA 10 दिन के अंदर District Magistrate के पास Adoption Petition file करती है।
District Magistrate (DM) सुनवाई करके Adoption Order जारी करते हैं। यह order ही बच्चे और माता-पिता के बीच legal रिश्ता बनाता है। 2021 में JJ Act में संशोधन के बाद अब Court की जगह सीधे DM ही adoption order देते हैं।
Birth Certificate
Adoption order मिलने के बाद SAA बच्चे का नया Birth Certificate issue करवाती है जिसमें आप (adoptive parents) ही legal माता-पिता के रूप में दर्ज होते हैं।
Post-Adoption Follow-up
Adoption के बाद 2 साल तक SAA हर 6 महीने पर Post-Adoption Follow-up करती है। इसमें वो आपके घर आते हैं और बच्चे की progress देखते हैं। यह सिर्फ formality नहीं है – यह बच्चे की भलाई के लिए ज़रूरी है।
8. NRI/OCI के लिए अलग प्रक्रिया
अगर आप NRI (Non-Resident Indian) या OCI (Overseas Citizen of India) हैं, तो आपकी प्रक्रिया थोड़ी अलग है:
- आपकी registration और Home Study CARA की Authorized Foreign Adoption Agency (AFAA) करेगी।
- अगर आपके देश में कोई AFAA नहीं है, तो आप नज़दीकी Indian Diplomatic Mission से contact करें।
- आपके लिए Hague Convention 1993 के नियम लागू होते हैं (अगर आपका देश भी signatory है)।
- OCI PAPs को normal health वाले बच्चे के लिए कुछ special benefits मिलते हैं – जैसे "7 days for RI/NRI/OCI PAPs" tab से direct reservation।
- Special Needs बच्चों के लिए OCI PAPs को seniority की waiting नहीं करनी पड़ती।
9. Adoption में फीस और लगने वाला समय
फीस का breakdown
Adoption Regulations 2022 (Schedule XV) के अनुसार fees पहले से तय हैं:
| Stage | Resident Indian (₹) | NRI/OCI ($) |
|---|---|---|
| Registration Fee | ₹1,000 | $300 |
| Home Study Report | ₹6,000 | $350 |
| Child Care Corpus | ₹40,000 | $5,000 |
| Post-Adoption Follow-up | ₹2,000 (2 साल का) | $200 per visit |
कुल खर्च Indian PAPs के लिए लगभग ₹50,000 के आस-पास आता है। यह कोई बच्चे की "कीमत" नहीं है – यह SAA को बच्चे की देखभाल के लिए दिया जाने वाला reimbursement है।
कितना समय लगता है
यह सबसे ज़्यादा पूछा जाने वाला सवाल है। साफ़ बात यह है – fixed time नहीं है। यह कई बातों पर निर्भर करता है:
- आपकी preferences: 0-2 साल का normal health वाला बच्चा चाहते हैं तो 3-5 साल भी लग सकते हैं।
- Older children (4+ साल): Waiting कम होती है, कभी-कभी 6 महीने से 1 साल में मिल जाते हैं।
- Special Needs बच्चे: Waiting almost zero – तुरंत available होते हैं।
- State preference: अगर आप सिर्फ अपने राज्य से चाहते हैं तो waiting बढ़ जाती है।
CARA की official data के मुताबिक हर साल लगभग 4,000 बच्चे गोद लिए जाते हैं भारत में, जबकि 30,000+ PAPs waiting list में हैं। यानी demand ज़्यादा है, supply कम।
10. ज़रूरी सावधानियाँ और सुझाव
- कभी भी SAA या किसी middleman को extra पैसा न दें। सिर्फ Schedule XV में बताई गई official fees ही pay करनी है। पैसे लेकर बच्चा देना illegal है।
- Documents की soft और hard दोनों copies रखें। SAA visits के समय original दिखाने पड़ते हैं।
- Realistic preferences रखें। "1 साल से कम का, स्वस्थ, लड़का" जैसी preference रखेंगे तो 5+ साल लग सकते हैं।
- Older children को भी consider करें। 4-8 साल के बच्चों को भी प्यार की उतनी ही ज़रूरत है, और waiting time काफ़ी कम है।
- Special Needs को mind से न निकालें। कई "special need" actually minor corrections होती हैं (जैसे cleft lip, club foot) जो surgery से ठीक हो जाती हैं।
- Pre-adoption counseling लें। SAA खुद provide करती है। यह बच्चे के साथ adjustment में बहुत मदद करती है।
- परिवार को मानसिक रूप से तैयार करें। दादा-दादी, नानी-नानी, रिश्तेदारों की सोच भी बच्चे की परवरिश में बड़ा role निभाती है।
- Birth Certificate हाथ में आने तक धैर्य रखें। Adoption order के बाद नया birth certificate बनने में 1-2 महीने लग सकते हैं।
अगर adoption के बाद बच्चे का नया आधार कार्ड बनवाना है या PAN कार्ड चाहिए, तो उसके लिए adoption order ही primary document होगा।
11. अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
Q1. क्या सिर्फ शादीशुदा लोग ही बच्चा गोद ले सकते हैं?
नहीं। Single महिला किसी भी gender का बच्चा गोद ले सकती हैं। Single पुरुष केवल लड़का गोद ले सकते हैं। शादीशुदा जोड़े को 2 साल पूरे होने चाहिए।
Q2. CARINGS पर registration की fees कितनी है?
Registration fees ₹1,000 है। पूरी process में Home Study, Child Care Corpus और Follow-up मिलाकर लगभग ₹50,000 खर्च आता है।
Q3. कितना समय लगता है बच्चा मिलने में?
यह आपकी preferences पर depend करता है। नवजात या 0-2 साल के स्वस्थ बच्चे के लिए 3-5 साल तक भी waiting हो सकती है। Older children या special needs बच्चों के लिए 6 महीने से 1 साल में मिल जाते हैं।
Q4. क्या मैं किसी विशेष बच्चे को चुन सकता हूँ?
नहीं। बच्चे का चुनाव CARA का system करता है आपकी seniority और preferences के आधार पर। यह transparency के लिए ज़रूरी है।
Q5. क्या बच्चा गोद लेने के बाद SAA हमारे घर आती है?
हाँ। 2 साल तक हर 6 महीने पर SAA Post-Adoption Follow-up के लिए आती है। यह बच्चे की भलाई के लिए ज़रूरी है।
Q6. क्या रिश्तेदार से सीधे बच्चा गोद लेना legal है?
हाँ, लेकिन इसके लिए भी CARINGS पर Relative Adoption के तहत पंजीकरण करना ज़रूरी है। बिना पंजीकरण के यह adoption legally valid नहीं होगी।
Q7. क्या divorced या widowed व्यक्ति गोद ले सकते हैं?
हाँ। Divorced व्यक्ति को Divorce Decree और widowed को spouse का Death Certificate upload करना होगा। उनकी category "Single PAP" मानी जाएगी।
Q8. अगर एक adoption agency में बच्चा नहीं है, तो क्या मैं दूसरी agency try कर सकता हूँ?
आपको alag-alag agency में registration करने की ज़रूरत नहीं है। CARINGS एक central system है – आप एक बार register करने के बाद देशभर के सभी SAAs के database में visible हो जाते हैं।
Q9. CARA की helpline कौन सी है?
CARA की toll-free helpline है 1800-11-1311, जो सोमवार से शुक्रवार सुबह 8 बजे से शाम 8 बजे तक उपलब्ध है। Email के लिए carahdesk.wcd[at]nic.in पर सम्पर्क कर सकते हैं।
Q10. क्या NRI को waiting कम होती है?
हाँ, कुछ categories में। OCI PAPs को "7 days for RI/NRI/OCI PAPs" tab और "Immediate Placement" tab से direct reservation का option मिलता है, जो seniority की बंदिश से बाहर है।
निष्कर्ष (Conclusion)
बच्चा गोद लेना सिर्फ एक कानूनी प्रक्रिया नहीं है – यह एक ज़िंदगी भर का commitment है। भारत में CARA ने इस पूरी प्रक्रिया को इतना transparent और systematic बना दिया है कि अब कहीं भी middleman, illegal transaction या बच्चे की trafficking की गुंजाइश नहीं है।
अगर आप गोद लेने का सोच रहे हैं तो जल्दबाज़ी न करें। पहले अपने परिवार से खुलकर बात करें, financial preparation करें, और फिर CARINGS पर registration करें। याद रखें – यह बच्चा सिर्फ आपके परिवार में नहीं आ रहा, आप उसकी ज़िंदगी का हिस्सा बन रहे हैं। उसे प्यार, सुरक्षा और एक स्थिर माहौल देना आपकी ज़िम्मेदारी है।
किसी भी doubt या मदद के लिए CARA की helpline 1800-11-1311 पर call करें या cara.wcd.gov.in पर visit करें।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सामान्य मार्गदर्शन के लिए है। Adoption से जुड़ी ताज़ा और आधिकारिक जानकारी, fees, eligibility और regulations के लिए हमेशा CARA की official website cara.wcd.gov.in पर जाएँ। नियम समय-समय पर बदलते रहते हैं।
Toll-free helpline number article body me mention kar dunga: 1800-11-1311 (8 AM - 8 PM, Mon-Fri)